पश्चिम बंगाल के हल्दिया स्थित औद्योगिक क्षेत्र में सोमवार देर रात करीब 2:45 बजे नेफ्था सप्लाई पाइपलाइन में हुए विस्फोट के बाद भीषण आग लग गई। आग तेजी से फैलकर पास के चिरंजीबपुर रिहायशी इलाके तक पहुंच गई, जिससे कई घर इसकी चपेट में आ गए। हादसे में 15 लोग झुलस गए, जिनमें से 5 को बेहतर इलाज के लिए तमलुक मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक दो घायलों की हालत गंभीर बनी हुई है।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। आग पर काबू पाने के लिए 12 से अधिक दमकल वाहन लगातार राहत और बचाव कार्य में जुटे रहे। सुरक्षा के मद्देनजर पूरे इलाके को घेर लिया गया और आसपास रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई।
हादसे का असर रेलवे संचालन पर भी पड़ा। आग की वजह से पाइपलाइन के पास मौजूद रेलवे के ओवरहेड बिजली उपकरण क्षतिग्रस्त हो गए, जिसके चलते हल्दिया-दुर्गाचक रेलखंड पर ट्रेनों का संचालन अस्थायी रूप से रोकना पड़ा। कई लोकल ट्रेनों को रद्द या आंशिक रूप से संचालित किया गया, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

प्रारंभिक जांच में आग लगने का सटीक कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां सभी पहलुओं की जांच कर रही हैं। हल्दिया पेट्रोकेमिकल्स ने बयान जारी कर कहा कि कंपनी प्रशासन और प्रभावित लोगों को हरसंभव सहायता उपलब्ध करा रही है। कंपनी के अनुसार शुरुआती जानकारी से संकेत मिले हैं कि घटना पाइपलाइन के उस हिस्से के आसपास हुई, जहां कथित रूप से नेफ्था चोरी की गतिविधियों की आशंका जताई जा रही है। हालांकि आग लगने की वास्तविक वजह का खुलासा जांच पूरी होने के बाद ही किया जाएगा।
प्रशासन ने कहा है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आग पूरी तरह बुझने के बाद तकनीकी जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल राहत एवं बचाव अभियान जारी है और प्रभावित क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।