बठिंडा जिले के तलवंडी साबो क्षेत्र से एक युवक की कथित पिटाई का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दो निहंग एक युवक से पहले माफी मंगवाते दिखाई देते हैं और उसके बाद उसके साथ मारपीट की जाती है। यह घटना पिछले कुछ दिनों की बताई जा रही है, जबकि वीडियो अब सामने आने के बाद चर्चा का विषय बन गया है। मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर विभिन्न तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
करीब 18 सेकेंड के इस वीडियो में युवक कैमरे के सामने खड़ा होकर कहता है कि उसने बाबा जी के बारे में गलत बातें कही थीं और उससे गलती हुई है। वह आगे ऐसी गलती दोबारा न करने की बात भी कहता है। युवक के माफी मांगते ही वहां मौजूद निहंग उसके साथ मारपीट करते दिखाई देते हैं। वीडियो में यह पूरी घटना कुछ ही क्षणों में घटित होती नजर आती है।
वीडियो में सुनाई देने वाली आवाजों से यह भी स्पष्ट होता है कि युवक से सवाल किया जा रहा है कि उसने ऐसी बातें क्यों कही थीं। इसके बाद दोनों निहंग उसके चेहरे और गर्दन पर थप्पड़ मारते दिखाई देते हैं। वीडियो की रिकॉर्डिंग किसने की और उस समय वहां कितने लोग मौजूद थे, इसकी आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है। हालांकि, वीडियो के सोशल मीडिया पर फैलने के बाद यह मामला चर्चा में आ गया है।
इस विवाद की शुरुआत एक महिला की शिकायत से जुड़ी बताई जा रही है। निहंग पक्ष का दावा है कि एक विवाहित महिला उनके पास पहुंची थी और उसने युवक के खिलाफ शिकायत की थी। महिला का आरोप था कि युवक लंबे समय से उसके संपर्क में था और दोनों के बीच कई वर्षों से संबंध थे। महिला ने यह भी कहा कि इस विवाद का असर उसके वैवाहिक जीवन पर पड़ा है और मामला अदालत तक पहुंच चुका है।
निहंग राजू के अनुसार, शिकायत मिलने के बाद दोनों पक्षों को बातचीत के लिए बुलाया गया था। उनका कहना है कि महिला और युवक को समझाने का प्रयास किया गया और आपसी सहमति से विवाद को सुलझाने की कोशिश की गई। निहंग पक्ष का दावा है कि बातचीत के दौरान दोनों पक्षों में समझौता हो गया था और मामला शांत माना जा रहा था। इस चरण तक किसी सार्वजनिक विवाद की जानकारी सामने नहीं आई थी।
इसके बाद विवाद तब बढ़ा जब युवक पर निहंगों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया गया। राजू का कहना है कि युवक ने महिला के सामने निहंगों के बारे में गलत बातें कहीं थीं और इसकी रिकॉर्डिंग भी की गई थी। बाद में महिला ने वह रिकॉर्डिंग निहंगों को सुनाई। रिकॉर्डिंग सुनने के बाद निहंग पक्ष ने युवक को अपने सामने आने के लिए कहा, लेकिन उनके अनुसार वह कई बार बुलाने के बावजूद नहीं आया।
निहंग पक्ष का कहना है कि युवक के सामने आने के बाद उससे पहले अपनी गलती स्वीकार करवाई गई। इसके बाद जो कुछ हुआ, वही वीडियो में दिखाई देता है। वीडियो को कथित रूप से निहंग पक्ष की ओर से ही सोशल मीडिया पर साझा किया गया, जिसके बाद यह तेजी से वायरल हो गया। सोशल मीडिया पर कुछ लोग इस कार्रवाई का समर्थन कर रहे हैं, जबकि कई लोग इसे कानून अपने हाथ में लेने की घटना बता रहे हैं।
फिलहाल इस मामले में पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। अब तक यह पुष्टि नहीं हुई है कि वीडियो के आधार पर कोई एफआईआर दर्ज की गई है या नहीं। पुलिस ने मारपीट, धमकी या अन्य किसी आरोप को लेकर सार्वजनिक रूप से कोई जानकारी साझा नहीं की है। अधिकारियों की प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।

दूसरी ओर, युवक की तरफ से भी अभी तक कोई सार्वजनिक बयान सामने नहीं आया है। न ही उसने वीडियो में दिखाई गई घटना, निहंगों के आरोपों या महिला की शिकायत पर कोई प्रतिक्रिया दी है। ऐसे में फिलहाल केवल वीडियो और निहंग पक्ष के दावों के आधार पर ही जानकारी सामने आई है। मामले के दूसरे पक्ष की पुष्टि अभी बाकी है।
यह घटना एक बार फिर सोशल मीडिया पर वायरल होने वाले वीडियो और उनसे जुड़े कानूनी पहलुओं को लेकर सवाल खड़े कर रही है। किसी भी विवाद में कानूनन कार्रवाई का अधिकार केवल संबंधित एजेंसियों को होता है और ऐसे मामलों में पुलिस जांच महत्वपूर्ण मानी जाती है। अब देखना होगा कि पुलिस इस वायरल वीडियो और लगाए गए आरोपों के आधार पर कोई जांच शुरू करती है या नहीं, और आगे इस मामले में क्या आधिकारिक तथ्य सामने आते हैं।

